बिहार में तीसरे विकल्प की योजना में राकांपा
नई दिल्ली। महागठबंधन में तवज्जो न दिए जाने से स्तब्ध राकांपा नेता तारिक अनवर बिहार में होने वाले विधानसभा चुनावों के लिए वाम दलों के साथ हाथ मिलाकर ‘तीसरा’ विकल्प बनाने की योजना बना रहे हैं। कुछ वाम दलों के साथ प्रारंभिक स्तर की वार्ताएं कर चुके अनवर ने बताया कि यदि इन दलों के साथ गठबंधन हो जाता है तो यह एक विश्वसनीय संबंध होगा... वह भी एक ऐसे समय पर, जबकि राज्य में सांप्रदायिक बलों और ‘अवसरवादी’ बलों के बीच खींचतान दिखाई दे रही है। पूर्व केंद्रीय मंत्री ने कहा कि उनकी योजना उन छोटे क्षेत्रीय दलों को भी अपने समूह में शामिल करने की है, जिनका ‘नंबर एक शत्रु’ भाजपा है। एक सवाल के जवाब में उन्होंने इस बात को खारिज कर दिया कि अच्छी खासी मुस्लिम आबादी वाले इस राज्य में असदुद्दीन ओवैसी की एआईएमआईएम का कोई असर नहीं होगा। वह असर छोड़ सकता है। जब भी कभी सांप्रदायिक मुस्लिम नेतृत्व होता है, तो असर छूटना लाजमी ही है।
बिहार में लगभग 18 प्रतिशत मुस्लिम आबादी है। इस आबादी का एक बड़ा हिस्सा लालू प्रसाद की राजद के साथ रहा है, जो कि एमवाई :मुस्लिम और यादव: द्वारा मिलने वाले समर्थन पर गर्व करती रही है। मुस्लिमों का एक धड़ा नीतीश कुमार के साथ भी हो गया है। अनवर ने कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता वाले महागठबंधन के लिए चुनाव ‘आसान नहीं’ है क्योंकि उनके साथ ‘10 साल की सत्ताविरोधी’ लहर चल रही है।
No comments