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सिवान के अपहृत व्यवसाई की लाश दस टुकड़ों मे मिली

harishankar siwan kindap caseचेचेरे भाई ने अपहरण कर की सिवान के व्यवसाई हरिशंकर की हत्या!
राजेश राजू. सिवान।15 नवंबर को सुबह स्टेशन पर टहलने के क्रम में अपहृत हुए सीवान के व्यवसाई हरिशंकर सिंह की हत्या कर देने का मामला सामने आया है. पुलिस की जांच के बाद जो मामला सामने आया है उसके मुताबिक इस अपहरण और हत्याकांड में व्यवसाई हरिशंकर सिंह के चचेरे भाई के संलिप्त होने की बात सामने आ रही है. पुलिस सूत्रों के अनुसार हत्यारों के निशानदेही पर जामो थाना के काला डुमरा के गाँव के एक चवर से लाश बरामद किया। पुलिश ने बताया की हत्या बहुत निर्मम है। लाश को दस टुकड़ो में काट कर जमीन में दफना दिया गया था। पुलिस इस कांड में शामिल हुए लगभग दस आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है. पुलिस अधीक्षक सौरभ कुमार साह के मुताबिक अपहरण के दूसरे दिन ही हरिशंकर सिंह की हत्या कर दी गई थी. हत्या करने के बाद शव को जामो थाना क्षेत्र में किसी सुनसान जगह पर दफना दिया गया था. गौरतलब हो कि हरिशंकर अपहरण कांड के खुलासा तथा अपराधियों की बरामदगी के लिए एसपी सौरभ कुमार साह ने विशेष टीम का गठन किया था.एएसपी अरविंद कुमार गुप्ता के नेतृत्व में गठित पुलिस टीम में एसआईटी व कई थानों के पुलिस अधिकारी शामिल थे. अपहरण के बाद से जिले के सीमावर्ती हिस्से में पुलिस ने दबिस बढ़ÞÞा दी थी. अपहरण की घटना के बाद काफी बवाल हुआ था और विरोध में नेशनल हाइवे के साथ पचरुखी बाजार भी दुकानदारों ने बंद कर दिया था. अपहरण की घटना के वक्त हरिशंकर सिंह का परिवार जमशेदपुर में उनके ससुराल मे था. हरिशंकर सिंह के बेटे हर्षित और बेटी भी के साथ हत्या की खबर सुनने के बाद पूरा harishankr singh murder siwanपरिवार मर्माहत है. पचरूखी स्थित मकान पर मौजूद हरिशंकर के पिता शमार्नंद सिंह व मां रामावती देवी तथा छोटे भाई दिवाकर व प्रभाकर तथा अन्य सदस्य पूरी तरह टूट चुके हैं. पुलिसिया सूत्रों से मिल रही जानकारी के मुताबिक पुलिस की दबिस के बाद हरिशंकर सिंह के चचेरे भाई पप्पु सिंह ने हत्या की बात स्वीकार कर ली है. पुलिस ने आरोपियों के खुलासे के बाद हरिशंकर सिंह का शव भी बरामद कर लिया है. पुलिस इसे आपसी विवाद में हुई घटना मानकर चल रही है. हरिशंकर सिंह का अपहरण उस वक्त हुआ था जब वो सुबह में टहल रहे थे.



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