बिहार में तूफान से मरने वालों की संख्या हुई 55, राजनाथ ने किया हवाई सर्वेक्षण
पटना। तूफान से बुरी तरह प्रभावित पूर्णिया जिले में एक व्यक्ति की मौत के साथ ही बिहार में ‘काल बैशाखी’ के कारण मरने वाले लोगों की संख्या बढ़Þ कर 55 हो गई है। इस बीच राज्य के उत्तर-पूर्वी क्षेत्र में गरज के साथ बारिश होने के पूर्वानुमान के कारण अलर्ट जारी कर दिया गया है। राज्य आपदा प्रबंधन विभाग द्वारा संकलित नवीनतम रिपोर्ट के अनुसार पूर्णिया में ‘काल बैशाखी’ के कारण सबसे अधिक 38 लोगों की मौत हुई है। रिपोर्ट में बताया गया है कि मधेपुरा में सात, मधुबनी में तीन और कटिहार, सीतामढ़ी एवं दरभंगा में दो-दो और सुपौल में एक व्यक्ति की मौत हो गई। केन्द्रीय गृह मंत्री राजनाथ सिंह के साथ मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने पूर्णिया और मधेपुरा में हवाई सर्वेक्षण किया। उनके साथ केन्द्रीय कृषि मंत्री राधामोहन सिंह, केन्द्रीय सूचना प्रौद्योगिकी मंत्री रवि शंकर प्रसाद और वरिष्ठ भाजपा नेता सुशील कुमार मोदी भी साथ थे।
इस बीच, राज्य मौसम विज्ञान विभाग ने आज और कल उत्तर-पूर्वी बिहार में गरज के साथ बाशि होने के पुर्वानुमान के मद्देनजर अलर्ट जारी किया है।
राज्य मौसम कार्यालय के निदेशक एके सेन ने बताया कि क्षेत्र में खासकर पूर्णिया, कटिहार, किशनगंज और मोतिहारी जिलों में चिन्हित की गई ‘पर्यावरणीय अस्थिरता’ के आधार पर एक अलर्ट जारी किया गया है। सेन ने बताया, ‘‘इलाके में पूर्वानुमान के अनुसार होने वाली बारिश खतरनाक हो सकती है।’’ राज्य आपदा प्रबंधन में विशेष सचिव अनिरूद्ध कुमार ने बताया कि क्षेत्र के 12 जिलोंं में जिला मजिस्ट्रेटों को अलर्ट कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि उन्हें चिकित्सा दलों को अलर्ट रखने और संकटों से नागरिकों की रक्षा के लिए अन्य आवश्यक प्रशासनिक तैयारी करने की सलाह दी है। राज्य के उत्तर और पूर्वी हिस्सों में पूर्णिया, अररिया, किशनगंज, कटिहार, मधेपुरा, सुपौल, सहरसा, भागलपुर, बांका, समस्तीपुर, दरभंगा और मधुबनी जिले प्रभावित हैं।
No comments